
यह सदी भारत की सदी होगी Publish Date : 10/08/2025
यह सदी भारत की सदी होगी
प्रोफेसर आर. एस. सेंगर
वर्तमान समय की वैश्विक परिस्थितियों में भारत एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता दिखाई पड़ रहा है। आज विश्व में चारों ओर हथियारों का युद्ध तो चल ही रहा है, साथ ही एक आर्थिक युद्ध भी जैसे अपनी चरम सीमा पर जा रहा है। पाकिस्तान की तरफ से शुरू हुए आधुनिक हथियारों के युद्ध में भारत नहीं झुका तो अब दूसरी ओर अमेरिका की तरफ से चलने वाले आर्थिक युद्ध में भी भारत ने कोई समझोता करने से मना कर दिया है। इन दोनों परिस्थितियों में सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि विश्व के लगभग सभी देशों ने भारत का समर्थन ही किया है।
रूस, ब्राजील और इजरायल जिस प्रकार से अमेरिका के सामने भारत के पक्ष में मुखर हो कर खड़े हो रहे हैं, उतना साहस तो भारत के कुछ तथाकथित राज नेताओं में भी नहीं हो पा रहा है, भारत का समर्थन करने वाले विश्व के इन देशों का कारण यह है कि वैश्विक स्थिरता के लिए उन्हें भारत ने नेतृत्व और विश्वास की आवश्यकता है, जबकि भारत के ही कुछ नेताओं की मजबूरी यह है कि उन्हें भारत के शक्तिशाली नेतृत्व का विश्वास नहीं है।
हमारा दुर्भाग्य यह रहा है कि हम अनावश्यक रूप से विदेशों पर निर्भर होते गए और आज हम पवित्र रक्षा बंधन के अवसर पर सामान्य सा रक्षा सूत्र भी थोड़ी चमक दमक के कारण विदेशी ही खरीदना पसंद करते हैं। भारत में बने सामान पर जब तक कि उस पर कोई विदेशी ठप्पा लगा नहीं आता, तब तक हम उस पर विश्वास ही नहीं करते।
स्थानीय उत्पाद खरीदने जाते समय हम बहुत मोल भाव करते है, लेकिन वहीं किसी विदेशी ब्रांड का सामान गुणवत्ता पूर्ण ही और उचित मूल्य वाला है यह मान कर उसे तुरंत ही खरीद लेते हैं। भारतीय परंपरा भारतीय वस्तुएं भारतीय इतिहास के प्रति अपने लोगों के मन में सम्मान के साथ स्वीकार्यता बढ़े आज के समय में यह सबसे आवश्यक बात लगती है।
रक्षाबंधन का अवसर रक्षा के संकल्प का होता है। अतः आइए हम अपने समाज की और अपने राष्ट्र की सभी प्रकार से रक्षा का संकल्प करने के लिए और अपने स्व के भाव के जागरण के प्रति प्रतिबद्ध होते हैं।

लेखकः डॉ0 आर. एस. सेंगर, निदेशक ट्रेनिंग और प्लेसमेंट, सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय मेरठ।
